पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी से लगी भारत-बांग्लादेश सीमा पर महिलाओं और बच्चों समेत 10 लोग करीब तीन दिनों तक दोनों देशों के बीच स्थित ‘जीरो लाइन’ पर फंसे रहे। उन्हें खुले आसमान के नीचे पानी से भरे खेत के बीच बिना पर्याप्त आश्रय के रहना पड़ा।
रिपोर्टों के अनुसार, भारतीय सीमा सुरक्षा बल यानी बीएसएफ ने उन्हें बांग्लादेशी नागरिक बताते हुए सीमा पार भेजने की कोशिश की, लेकिन बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश यानी बीजीबी ने उन्हें स्वीकार करने से इनकार कर दिया। इसके बाद दोनों देशों के सीमा बलों के बीच कई दौर की बातचीत हुई, लेकिन तत्काल कोई समाधान नहीं निकल सका।
भारत-बांग्लादेश सीमा से संबंधित मुद्दों पर दोनों पक्षों के बीच स्थापित द्विपक्षीय तंत्रों के माध्यम से चर्चा की जा रही है, विशेष रूप से भारत के सीमा सुरक्षा बल BSF और बांग्लादेश के सीमा रक्षक दल BGB के बीच 57वें महानिदेशक स्तरीय सीमा समन्वय सम्मेलन चल रहा है।
