भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौते को आगे बढ़ाने के लिए मंगलवार को नई दिल्ली में नई दौर की बातचीत हुई।
अधिकारियों के अनुसार, अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमिसन ग्रीर ने भारत के वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल से मुलाकात की। नई दिल्ली स्थित अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि यह बैठक अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए अंतरिम समझौते पर बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए हुई।
अमेरिकी दूतावास ने कहा कि अमेरिका एक ‘‘निष्पक्ष और पारस्परिक’’ व्यापार समझौता सुनिश्चित करने पर केंद्रित है, जो अमेरिकी निर्यातकों के लिए बाजार खोले और दोनों देशों को लाभ पहुंचाए।
पीयूष गोयल ने कहा कि वे भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर ‘‘उत्पादक चर्चा’’ की उम्मीद कर रहे हैं।
यह बातचीत पिछले सप्ताह फ्रांस में हुए G7 शिखर सम्मेलन के इतर ट्रंप और मोदी की मुलाकात के बाद हुई है। उस बैठक के दौरान ट्रंप ने कहा था कि दोनों देश व्यापार समझौतों पर काम कर रहे हैं और समझौते के ‘‘बहुत करीब’’ हैं।
भारत और अमेरिका ने फरवरी में घोषणा की थी कि वे द्विपक्षीय व्यापार विवाद को समाप्त करने के लिए एक अंतरिम फ्रेमवर्क समझौते की शर्तों पर सहमत हो गए हैं।
पिछले वर्ष ट्रंप प्रशासन द्वारा भारतीय वस्तुओं पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाए जाने के बाद दोनों देशों के बीच व्यापार तनाव बढ़ गया था। यह कदम आंशिक रूप से यूक्रेन युद्ध के बीच भारत द्वारा रूस से तेल खरीद जारी रखने से जुड़ा था।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने पिछले महीने कहा था कि भारत ने अगले पांच वर्षों में अमेरिका से 500 अरब डॉलर मूल्य के सामान खरीदने की प्रतिबद्धता जताई है। इनमें ऊर्जा, तकनीक और कृषि क्षेत्र पर विशेष ध्यान होगा।
अधिकारियों के अनुसार, 2025 में भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार करीब 149.4 अरब डॉलर रहा।





















