भारत को इज़राइल के सहयोग से निर्मित नेगेव-7 (NEGEV 7) लाइट मशीनगनों की पहली खेप प्राप्त हो गई है।
करीब 2,000 मशीनगनों की यह पहली डिलीवरी पीएलआर सिस्टम्स द्वारा की गई है, जो इज़राइल वेपन इंडस्ट्रीज (IWI) और भारत के अडानी समूह का संयुक्त उपक्रम है। यह आपूर्ति अगस्त 2024 में हुए 41,000 मशीनगनों के बड़े सौदे का शुरुआती चरण है। इसी साल के भीतर अतिरिक्त 4,000 यूनिट्स की डिलीवरी भी प्रस्तावित है।
कंपनी के अनुसार, इस बैच का उत्पादन भारत में ही किया गया है, जिसमें लगभग 50% निर्माण स्थानीय स्तर पर हुआ है। यह परियोजना सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ पहल के तहत आगे बढ़ाई जा रही है।
नेगेव-7 एक आधुनिक 7.62 मिमी लाइट मशीनगन है, जिसे हल्के वजन और बहु-उद्देश्यीय उपयोग के लिए डिजाइन किया गया है। इसमें दो तरह के फायरिंग मोड क्लोज क्वार्टर बैटल (CQB) और लगातार फायर उपलब्ध हैं, जिससे यह विभिन्न ऑपरेशनल परिस्थितियों में प्रभावी साबित होती है।
इस हथियार में पिकाटिनी रेल्स और ट्रिटियम नाइट साइट्स जैसी सुविधाएं दी गई हैं, जो कम रोशनी में भी सटीक निशाना लगाने में मदद करती हैं। साथ ही, यह नाटो मानकों के अनुरूप है, जिससे कठिन परिस्थितियों में भी इसकी विश्वसनीयता बनी रहती है।
नेगेव-7 को ‘आर्बेल सिस्टम’ के साथ भी जोड़ा जा सकता है, जो सैनिकों को बिना अतिरिक्त उपकरण के हवाई लक्ष्यों समेत विभिन्न खतरों से निपटने में मदद करता है। यह सिस्टम लगभग 450 मीटर तक की दूरी पर लक्ष्य भेदने में सक्षम है।
भारत और इज़राइल के बीच रक्षा सहयोग पिछले तीन दशकों में लगातार मजबूत हुआ है। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट के अनुसार, 2020 से 2024 के बीच भारत, इज़राइल के रक्षा निर्यात का लगभग 34% हिस्सा रहा है।
दोनों देशों के बीच हाल ही में रक्षा, तकनीक और अनुसंधान सहयोग को और विस्तार देने के लिए समझौता ज्ञापन भी साइन किया गया है।















