प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने फोन पर मध्य पूर्व की स्थिति पर चर्चा की। प्रधानमंत्री कार्यालय ने गुरुवार को एक बयान में बताया कि मोदी को नेतन्याहू का फोन आया और दोनों नेताओं ने क्षेत्र में हालिया घटनाक्रम पर विचारों का आदान-प्रदान किया।
बयान के अनुसार, दोनों नेताओं ने भारत-इजराइल विशेष रणनीतिक साझेदारी में जारी प्रगति की समीक्षा की और दोनों देशों के पारस्परिक हितों के लिए विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने कहा कि दोनों नेताओं ने संपर्क में बने रहने पर सहमति जताई।
मोदी और नेतन्याहू के बीच यह बातचीत ऐसे समय हुई है जब होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास अमेरिका और ईरान के बीच हालिया सैन्य टकरावों के बाद तनाव बना हुआ है।
वॉशिंगटन और तेहरान ने 18 जून को एक फ्रेमवर्क समझौते पर हस्ताक्षर किए थे और अंतिम समझौते की दिशा में बातचीत शुरू की थी। हालांकि, होर्मुज जलडमरूमध्य में सुरक्षा और स्वतंत्र नौवहन की गारंटी को लेकर मतभेदों के कारण वार्ता रुक गई।
पिछले महीने तनाव फिर बढ़ गया, जब अमेरिका ने ईरान के भीतर हमले किए। इसके जवाब में तेहरान ने कई अरब देशों, खासकर जॉर्डन, बहरीन और कुवैत में अमेरिकी सैन्य ठिकानों और उपकरणों को निशाना बनाया।
भारत और इजराइल के संबंध रक्षा, सुरक्षा, तकनीक, कृषि और नवाचार जैसे क्षेत्रों में लगातार मजबूत हुए हैं। नेतन्याहू के साथ मोदी की बातचीत को क्षेत्रीय तनाव के बीच दोनों देशों के रणनीतिक संवाद की निरंतरता के रूप में देखा जा रहा है।
















